बिहार चुनावी रैली में राहुल-तेजस्वी पर तीखा प्रहार, एनडीए को 160+ सीटों का दावा; पहले चरण में विपक्ष को ‘बाहर का रास्ता’, पाकिस्तान की ‘गोली’ का जवाब ‘गोले’ से देने का ऐलान
पूर्णिया, 08 नवंबर 2025। बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के प्रचार के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को पूर्णिया के बनमनखी में एक भव्य चुनावी रैली को संबोधित किया। यहां उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और राजद के तेजस्वी यादव पर जोरदार हमला बोला, उन्हें सीमांचल क्षेत्र को ‘घुसपैठियों का अड्डा’ बनाने का आरोप लगाया। शाह ने केंद्र सरकार की ओर से वादा किया कि हर अवैध प्रवासी की पहचान की जाएगी, उनके नाम मतदाता सूची से हटाए जाएंगे और उन्हें उनके मूल देश वापस भेज दिया जाएगा। उन्होंने एनडीए की पूर्ण बहुमत वाली सरकार बनने का दावा किया, जिसमें 243 सदस्यीय विधानसभा में 160 से अधिक सीटें जीतने का भरोसा जताया।
‘आधे बिहार ने पहले ही कांग्रेस-राजद को दिखा दिया बाहर का रास्ता’
पहले चरण के 6 नवंबर को हुए मतदान का जिक्र करते हुए शाह ने कहा, “आधे राज्य ने कांग्रेस-राजद गठबंधन को पहले ही बाहर का रास्ता दिखा दिया है।” उन्होंने राहुल गांधी और तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे घुसपैठियों को वोट बैंक के रूप में देखते हैं और ‘घुसपैठिया बचाओ यात्रा’ निकालकर उन्हें संरक्षण देते हैं। शाह ने सवाल उठाया, “क्या बांग्लादेशी घुसपैठिए बिहार के मुख्यमंत्री का फैसला करेंगे? हम हर अवैध प्रवासी का पता लगाएंगे, मतदाता सूची से नाम हटाएंगे और पांच साल में बिहार को घुसपैठिया-मुक्त बना देंगे।” उन्होंने जोर देकर कहा कि विपक्ष गरीबों के लिए कुछ नहीं करता, बल्कि घुसपैठियों को संरक्षण देकर जंगलराज लौटाना चाहता है।
‘पाकिस्तान की गोली का जवाब गोले से, ऑपरेशन सिंदूर से आतंकी सफाया’
राष्ट्रीय सुरक्षा पर बोलते हुए अमित शाह ने कांग्रेस-राजद सरकारों के दौर की आलोचना की, जब आतंकी कश्मीर में घुसकर हमले कर भाग जाते थे। उन्होंने मोदी सरकार की उपलब्धियां गिनाई: “उरी हमले पर सर्जिकल स्ट्राइक, पुलवामा पर एयर स्ट्राइक और पहलगाम तीर्थयात्रियों पर हमले के बाद ऑपरेशन सिंदूर चलाकर पाकिस्तान में घुसकर आतंकवादियों का सफाया किया।” शाह ने चेतावनी दी, “मोदी जी ने बिहार में रक्षा गलियारा सुनिश्चित किया है। अगर भविष्य में पाकिस्तान ने कोई हरकत की, तो उनकी ‘गोली’ का जवाब ‘गोले’ से दिया जाएगा।” उन्होंने बिहार को घुसपैठिया-मुक्त बनाने के लिए चुनाव को समर्पित बताया, जहां अवैध बांग्लादेशी युवाओं की नौकरियां छीनते हैं और राशन पर कब्जा करते हैं।
एनडीए की जीत से विकास और स्थिरता की गारंटी
सभा में शाह ने एनडीए सरकार की उपलब्धियां उजागर कीं, जैसे सड़कों पर 3.5 लाख करोड़ खर्च, चार पावर प्लांट से बिजली आत्मनिर्भरता, 20 वंदे भारत ट्रेनें और पूर्णिया, दरभंगा व पटना में एयरपोर्ट। उन्होंने कहा, “यह चुनाव जंगलराज को खत्म करने और बिहार को घुसपैठिया-मुक्त बनाने का है। नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए मजबूत सरकार बनेगी, जो विकास और सुरक्षा सुनिश्चित करेगी।” रैली में हजारों समर्थक उमड़े, जो ‘मोदी-नीतीश’ और ‘भारत माता की जय’ के नारों से गूंज रही थी। विपक्ष ने इन आरोपों को खारिज करते हुए सफेद किताब जारी करने की मांग की, लेकिन शाह ने इसे वोट बैंक की राजनीति बताया।
दूसरा चरण का मतदान 11 नवंबर को होगा, जबकि नतीजे 14 नवंबर को आएंगे। शाह की यह रैली सीमांचल क्षेत्र में एनडीए के पक्ष में उत्साह बढ़ाने का प्रयास थी, जहां घुसपैठिया मुद्दा प्रमुख चुनावी मुद्दा बन चुका है।
