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गृह मंत्री अमित शाह से मिले TMC के 3 बागी मुस्लिम सांसद, SIR और लाउडस्पीकर पर उठाई मांग

टीएमसी से बगावत कर एनसीपीआई में शामिल हुए तीन सांसदों ने अमित शाह से मुलाकात कर SIR ट्रिब्यूनल और लाउडस्पीकर के मुद्दे पर चिट्ठी सौंपी।

गुरुवार, 6 अगस्त 2026 5 मिनट

पीएम मोदी रिकॉर्ड कार्यकाल: 4,399 दिन, तीन जनादेश — जवाहरलाल नेहरू का रिकॉर्ड टूटा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 4,399 दिनों के लगातार कार्यकाल के साथ जवाहरलाल नेहरू का दशकों पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया। तीन जनादेश, एक अटूट यात्रा — भारतीय लोकतंत्र में एक नया अध्याय।

बुधवार, 10 जून 2026 7 मिनट

राघव चड्ढा ने थामा BJP का दामन — AAP छोड़ने के बाद बड़ा सियासी U-Turn

AAP के पूर्व Rajya Sabha सांसद और केजरीवाल के करीबी माने जाने वाले राघव चड्ढा ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया है। यह खबर राजनीतिक हलकों में बड़ा उलटफेर मानी जा रही है। चड्ढा जो कभी AAP के सबसे मुखर चेहरों में से एक थे, उनका यह कदम पार्टी के लिए बड़ा झटका है। BJP को इस join से एक युवा और articulate नेता मिलता है जिसकी पंजाब और दिल्ली दोनों में पहचान है। AAP कार्यकर्ताओं में इस फैसले को लेकर गहरी नाराज़गी देखी जा रही है। राजनीतिक विश्लेषक इसे एक calculated political move बता रहे हैं।

शनिवार, 25 अप्रैल 2026 6 मिनट

2014 से 2024 तक: नारे बदले, व्यवस्था नहीं — एक दशक की ज़मीनी हकीकत

डॉ RP.SINGH ने बोला की 2014 में जनता ने भ्रष्टाचार-मुक्त और जवाबदेह व्यवस्था की उम्मीद में वोट दिया था। एक दशक बाद ज़मीनी हकीकत यह है कि थाने से लेकर तहसील तक 'चाय-पानी' की परंपरा जारी है। राजनीति सेवा नहीं, व्यवसाय बन चुकी है। भ्रष्टाचार विरोधी नारों के बावजूद वही चेहरे नई व्यवस्था में ताकतवर बने। विपक्ष सड़क से दूर रहा और मीडिया सत्ता का प्रचार करता रहा। आम नागरिक टैक्स देते हुए भी खराब सेवाएँ झेलता रहा। यह किसी एक दल की आलोचना नहीं, बल्कि उस व्यवस्थागत सच्चाई की पड़ताल है जो हर सरकार में एक जैसी रहती है। बदलाव नारों से नहीं, जवाबदेही और नागरिक सजगता से आएगा।

शुक्रवार, 10 अप्रैल 2026 7 मिनट

हरियाणा में कांग्रेस की लाज बचाने वाला वो एक फैसला — जिसके बिना हार तय थी

हरियाणा में कांग्रेस पार्टी ने हाल के चुनावी मुकाबले में बड़ी मुश्किल से अपनी साख बचाई। पार्टी आलाकमान द्वारा प्रत्याशी चयन में आखिरी वक्त पर किए गए बदलाव, जमीनी कार्यकर्ताओं की कड़ी मेहनत और जाट-दलित वोटों के समीकरण ने मिलकर यह जीत दिलाई। भाजपा की कड़ी चुनौती के बावजूद कांग्रेस टिकी रही। हालांकि, पार्टी की अंदरूनी गुटबाजी और संगठनात्मक कमजोरियां अभी भी बड़ी चुनौती बनी हुई हैं। यह जीत भले छोटी हो, लेकिन मनोवैज्ञानिक रूप से पार्टी के लिए बेहद अहम है।

मंगलवार, 7 अप्रैल 2026 7 मिनट

आखिर नितिन नबीन को ही क्यों बनाया BJP का राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष? – राजनीतिक गलियारों में उठ रहे सवाल

नई दिल्ली, 21 दिसंबर 2025। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने एक अप्रत्याशित फैसला लेते हुए बिहार सरकार में मंत्री नितिन नबीन को पार्टी का राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया है। इस नियुक्ति के साथ ही...

रविवार, 21 दिसंबर 2025 6 मिनट

संभल में पाप करने वालों को मिलेगी कड़ी सजा, दंगाइयों पर बरस रहा महाकाल का प्रकोप: योगी आदित्यनाथ

संभल में ₹659 करोड़ की 222 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास, सपा-कांग्रेस पर सीएम योगी का तीखा हमला संभल, 7 अगस्त 2025 : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को संभल जिले के बहजोई में ₹...

गुरुवार, 7 अगस्त 2025 11 मिनट