उत्तर प्रदेश राजनीति | ब्राह्मण विधायक | भाजपा | जातिव्यवस्था
महराजगंज। उत्तर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी द्वारा ब्राह्मण विधायकों की कुटुंब बैठक पर नाराज़गी जताए जाने के बाद सियासी हलकों में नया विवाद खड़ा हो गया है। इस मुद्दे पर अखंड राजपुताना सेवा संघ ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा नेतृत्व की कथनी और करनी पर सवाल उठाए हैं।
सेवा संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. आर.पी. सिंह दुर्गवंश ने स्पष्ट कहा कि यदि पंकज चौधरी की नियुक्ति चौधरी समाज को साधने की रणनीति के तहत हुई है, तो ब्राह्मण विधायकों की बैठक पर आपत्ति क्यों जताई गई। उन्होंने पूछा कि क्या ब्राह्मण विधायकों को टिकट देते समय उनकी सामाजिक स्वीकार्यता और समाज से जुड़ाव को नहीं परखा जाता?
जातिगत राजनीति पर दोहरा मापदंड?
अखंड राजपुताना सेवा संघ का कहना है कि भाजपा सार्वजनिक रूप से जातिवाद से ऊपर उठने की बात करती है, लेकिन व्यवहार में जातिगत संतुलन ही राजनीति का आधार बना हुआ है।
डॉ. दुर्गवंश ने सवाल उठाया कि जब पार्टी 2027 के विधानसभा चुनाव में जाति के आधार पर टिकट वितरण नहीं करने की बात कर रही है, तो फिर प्रवक्ता प्रेस कॉन्फ्रेंस में जातिगत आंकड़े क्यों गिनाते हैं?
उन्होंने यह भी पूछा कि क्या मंत्रिमंडल में मंत्री पदों का वितरण जातिगत समीकरणों के आधार पर नहीं किया जाता? क्या पंकज चौधरी स्वयं कभी जातिगत कोटे से मंत्री नहीं बने?

“खुद जातिगत सभाएं, दूसरों पर आपत्ति क्यों?”
सेवा संघ ने आरोप लगाया कि पंकज चौधरी स्वयं जातिगत सभाओं में जाकर चौधरी समाज के संरक्षण की बात कर चुके हैं। ऐसे में ब्राह्मण विधायकों की बैठक पर नाराज़गी जताना राजनीतिक विरोधाभास को उजागर करता है।
संघ ने पंकज चौधरी को चुनौती दी है कि वे भविष्य में जातिगत राजनीति से अलग रहने के लिए सार्वजनिक रूप से हलफनामा दाखिल करें और यह स्पष्ट करें कि आगे चुनावों में किसी भी जाति विशेष के नाम पर सभाओं का आयोजन नहीं करेंगे।
सरकारी कागजात से जाति हटाने की मांग
अखंड राजपुताना सेवा संघ ने मांग की है कि सरकारी कार्यालयों में जातिगत व्यवस्था तत्काल समाप्त की जाए।
संघ ने कहा कि सरकारी दस्तावेज़ों से जाति का कॉलम हटाया जाए और भाजपा जातिवादी दलों से गठबंधन समाप्त करे।
सहयोगी दलों और संगठन पर सवाल
सेवा संघ ने यह भी पूछा कि क्या पंकज चौधरी अनुप्रिया पटेल, ओमप्रकाश राजभर और संजय निषाद जैसे नेताओं को जातिगत आधार पर मिली सीटों के बंटवारे से रोक पाएंगे।
साथ ही, क्या वे जौनपुर भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत प्रजापति जैसे जातिगत आधार पर नियुक्त पदाधिकारियों को हटाने का साहस दिखाएंगे?
ब्राह्मण समाज से अपील
अखंड राजपुताना सेवा संघ ने ब्राह्मण समाज की सामाजिक संस्थाओं से अपील की है कि वे संगठित होकर अपनी बात मुखरता से रखें।
संघ का कहना है कि यदि आज चुप्पी साधी गई, तो भविष्य में समाज की आवाज़ हमेशा के लिए दबा दी जाएगी।
30 दिसंबर को प्रेस कॉन्फ्रेंस
सेवा संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर आर.पी. सिंह दुर्गवंश ने जानकारी दी कि वे मंगलवार, 30 दिसंबर को महराजगंज स्थित कार्यालय पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपने समाज का पक्ष रखेंगे और आगे की रणनीति स्पष्ट करेंगे।
