रक्षाबंधन से पहले दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बड़ा ऐलान किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली की बहनों से जो वादा किया था, उसे कैबिनेट में पूरा कर दिया गया है और 2500 रुपये महीने वाली “दिल्ली लक्ष्मी योजना” को मंजूरी मिल गई है।
सीएम रेखा गुप्ता के मुताबिक, इस योजना के लिए 1 अगस्त से पोर्टल शुरू हो जाएगा और रक्षाबंधन के मौके पर महिलाओं को योजना का लाभ देना शुरू कर दिया जाएगा।
सीएम रेखा गुप्ता ने X पोस्ट में लिखा- “दिल्ली लक्ष्मी योजना के लिए 1 अगस्त से पोर्टल शुरू होगा। पात्र बहनें आवेदन कर सकेंगी और प्रक्रिया पूरी करके रक्षाबंधन पर महिलाओं को ₹2,500 की पहली किस्त जारी की जाएगी।”
पात्र बहनें आवेदन कर सकेंगी, स्क्रूटनी के बाद मिलेगी पहली किस्त
सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि 1 अगस्त से पात्र बहनें दिल्ली लक्ष्मी योजना के लिए अप्लाई कर पाएंगी। उनके मुताबिक, अप्लाई करने के बाद संबंधित आवेदनों की स्क्रूटनी की जाएगी, उसके बाद ही पात्र महिलाओं को लाभ दिया जाएगा।
सीएम ने बताया कि उनकी सरकार ने सवा साल के भीतर ही इस योजना को शुरू कर दिया है। उन्होंने कहा कि यह सरकार दिल्ली की बहनों के आशीर्वाद से बनी है, इसलिए उन्हें दिया गया यह वादा प्राथमिकता के साथ पूरा किया गया।
सीएम बोलीं- यह सिर्फ आर्थिक सहायता नहीं, सम्मान और आत्मनिर्भरता का संकल्प
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि हर महीने मिलने वाली यह सहायता किसी मां की दवा का सहारा बनेगी, किसी बेटी की पढ़ाई को गति देगी और किसी परिवार के रोजमर्रा के खर्च में राहत लाएगी। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ आर्थिक सहायता नहीं है, बल्कि दिल्ली की बहनों के सम्मान, आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता का संकल्प है।
सीएम ने आगे कहा कि उनकी सरकार ने दिल्ली से किया एक और वादा निभाया है और इसके लिए उन्होंने सभी बहनों को बधाई दी।
मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा बोले- रक्षाबंधन पर बहनों को बड़ी सौगात
दिल्ली के मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा कि रक्षाबंधन पर दिल्ली की बहनों को बड़ी सौगात मिली है। उनके मुताबिक, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली कैबिनेट ने महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए 2,500 रुपये प्रति माह की वित्तीय सहायता योजना को मंजूरी दी है, और इस योजना का पोर्टल 1 अगस्त से सक्रिय हो जाएगा।
सिरसा ने कहा कि एक महिला नेतृत्व के रूप में मुख्यमंत्री ने महिलाओं के स्वावलंबन को प्राथमिकता देते हुए यह सुनिश्चित किया है कि रक्षाबंधन के पावन पर्व पर पात्र बहनों को पहली किस्त का तोहफा मिल सके।
