दिल्ली मेट्रो में स्मार्ट कार्ड को लेकर पिछले लंबे समय से यात्री परेशान हैं और इस बारे में लगातार शिकायतें भी सामने आ रही हैं। यात्रियों का कहना है कि कई स्टेशनों पर स्मार्ट कार्ड बनवाने में दिक्कत हो रही है।
जहांगीरपुरी मेट्रो स्टेशन के काउंटर पर जब दैनिक भास्कर के वरिष्ठ पत्रकार ने मेट्रो स्मार्ट कार्ड बनाने के लिए कहा, तो काउंटर से मना कर दिया गया और स्टेशन कंट्रोलर से बात करने के लिए कहा गया।
स्टेशन कंट्रोलर प्रवेंद्र कुमार ने साफ मना करते हुए कहा कि अब स्मार्ट कार्ड नहीं बनाए जा रहे हैं और यह आदेश दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) के मुख्य कार्यालय से जारी किया गया है।
कंट्रोलर और मैनेजर दोनों ने किया मना
जब दैनिक भास्कर के वरिष्ठ पत्रकार ने स्टेशन कंट्रोलर प्रवेंद्र कुमार से मेट्रो स्मार्ट कार्ड काउंटर से न मिलने की बात कही, तो उन्होंने साफ मना कर दिया कि अब स्मार्ट कार्ड नहीं बनाए जा रहे हैं। इसके अलावा मेट्रो स्टेशन के मैनेजर अलंकार मालवीय ने भी कंट्रोलर की बात का समर्थन करते हुए कहा कि अब किसी को भी मेट्रो स्मार्ट कार्ड नहीं दिया जा रहा है।
कंट्रोलर प्रवेंद्र कुमार ने यह भी साफ-साफ कहा कि मेट्रो में यात्रा करने वाला दिव्यांग हो, बुजुर्ग हो या कोई भी अन्य यात्री, किसी का भी स्मार्ट कार्ड अब नहीं बनाया जा सकता। उनके मुताबिक, यह आदेश दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के मुख्य कार्यालय (DMRC) की ओर से जारी किया गया है।
दिल्ली सरकार की भागीदारी को लेकर कंट्रोलर का गलत दावा
जब पत्रकार ने कंट्रोलर से कहा कि वे इसकी शिकायत दिल्ली सरकार से करेंगे, तो कंट्रोलर ने साफ-साफ शब्दों में कहा कि दिल्ली सरकार की दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) में कोई भागीदारी नहीं है।
इस दावे का खंडन करते हुए पत्रकार ने कंट्रोलर को बताया कि यह जानकारी गलत है, क्योंकि दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन में दिल्ली सरकार और भारत सरकार दोनों की 50-50 प्रतिशत की समान इक्विटी भागीदारी होती है। इस पर कंट्रोलर खीझते हुए बोले कि उनके पास इतनी बहस के लिए समय नहीं है।
कंट्रोलर बोले- सीधे DMRC मुख्यालय जाकर करें बात
बहस के दौरान कंट्रोलर ने पत्रकार से कहा कि उनके पास इतना समय नहीं है और उन्हें सीधे DMRC के मुख्य कार्यालय जाकर बात करनी चाहिए, यही उनके लिए बेहतर होगा।
इस पूरे घटनाक्रम से यह सवाल उठता है कि क्या जहांगीरपुरी जैसे अन्य मेट्रो स्टेशनों पर भी आम यात्रियों को इसी तरह स्मार्ट कार्ड बनवाने से मना किया जा रहा है, और क्या इस पर DMRC प्रशासन की ओर से कोई स्पष्ट और आधिकारिक जानकारी यात्रियों तक पहुंचाई गई है।
